एसोसिएशन फॉर डेमोक्रेटिक रिफॉर्म्स (एडीआर) की ताजा रिपोर्ट के अनुसार राज्यसभा के लगभग 32 प्रतिशत सांसदों ने अपने हलफनामों में आपराधिक मामलों की जानकारी दी है, जबकि 14 प्रतिशत सांसद अरबपति हैं। यह रिपोर्ट राज्यसभा के 233 में से 229 सांसदों के शपथपत्रों के विश्लेषण पर आधारित है। झारखंड की एक सीट फिलहाल खाली है और तीन सांसदों के हलफनामे उपलब्ध नहीं थे। इस विश्लेषण में हाल ही में निर्वाचित 37 सदस्य भी शामिल हैं। किस पार्टी में कितने सांसद दागी? एडीआर की रिपोर्ट के मुताबिक, 229 सांसदों में से 73 (32%) ने अपने खिलाफ आपराधिक मामले घोषित किए हैं। इनमें से 36 (16%) सांसदों पर गंभीर आपराधिक मामले दर्ज हैं। एक सांसद ने हत्या का मामला घोषित किया है, चार सांसदों पर हत्या के प्रयास के मामले हैं, जबकि तीन सांसदों पर महिलाओं के खिलाफ अपराध से जुड़े मामले दर्ज हैं। पार्टीवार आंकड़ों में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के 99 में से 27 सांसदों, कांग्रेस के 28 में से 12 सांसदों, तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) के 13 में से 4 सांसदों और आम आदमी पार्टी (आप) के 10 में से 4 सांसदों ने आपराधिक मामले घोषित किए हैं। इसके अलावा CPI(M) और BRS के तीन-तीन सांसदों ने भी अपने खिलाफ आपराधिक मामलों की जानकारी दी है। संपत्ति का आंकड़ा रिपोर्ट के अनुसार, 31 सांसद (14%) ऐसे हैं जिनकी कुल संपत्ति अरबों रुपये में है। प्रमुख दलों में भाजपा के छह, कांग्रेस के पांच, वाईएसआरसीपी के चार, आप के दो, बीआरएस के दो और एनसीपी के तीन सांसदों ने 100 करोड़ रुपये से अधिक संपत्ति घोषित की है। राज्यसभा सांसदों की औसत संपत्ति 120.69 करोड़ रुपये बताई गई है। पार्टीवार औसत संपत्ति में भाजपा के सांसदों की औसत संपत्ति 28.29 करोड़ रुपये, कांग्रेस की 128.61 करोड़ रुपये, टीएमसी की 17.70 करोड़ रुपये और आप की 574.09 करोड़ रुपये है। अन्य दलों में वाईएसआरसीपी (522.63 करोड़ रुपये), सपा (399.71 करोड़ रुपये), बीजेडी (105.63 करोड़ रुपये) और डीएमके (11.90 करोड़ रुपये) शामिल हैं। सबसे अमीर और सबसे गरीब सांसद बीआरएस के सांसद बंदी पार्था सारथी ने 5,300 करोड़ रुपये से अधिक संपत्ति घोषित कर सबसे अमीर सांसद होने का स्थान हासिल किया है। उनके बाद आप के राजिंदर गुप्ता (5,053 करोड़ रुपये) और वाईएसआरसीपी के अल्ला अयोध्या रामि रेड्डी (2,577 करोड़ रुपये) का स्थान है। वहीं, आप के संत बलबीर सिंह सबसे गरीब सांसद हैं, जिनकी संपत्ति करीब 3 लाख रुपये है। उनके बाद मणिपुर के महाराजा सनाजाओबा लिसेम्बा (करीब 5 लाख रुपये) और टीएमसी के प्रकाश चिक बड़ाइक (लगभग 9 लाख रुपये) का स्थान है।
