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Source
Amarujala
Author
अमर उजाला
Date
City
NEW DELHI

एडीआर ने वित्त वर्ष 2022-23 के दौरान देश में सबसे ज्यादा कमाई करने वाली और सबसे अधिक खर्च करने वाली पार्टियों का ब्योरा जारी किया है। एडीआर के अनुसार बीआरएस ने सबसे अधिक कमाई की, जबकि टीएमसी ने सबसे अधिक खर्च किया। 

BRS tops income, AITC expenditure chart among regional parties in FY 22-23: ADR report

एसोसिएशन फॉर डेमोक्रेटिक रिफॉर्म्स (एडीआर) ने वित्त वर्ष 2022-23 के दौरान देश में सबसे ज्यादा कमाई करने वाली और सबसे अधिक खर्च करने वाली पार्टियों का ब्योरा जारी किया है। एडीआर के अनुसार भारत राष्ट्र समिति (बीआरएस) पार्टी ने इस दौरान सबसे अधिक 737.67 करोड़ रुपये कमाए।

खर्च के मामले में शीर्ष पांच पार्टियां 
इसके अलावा एडीआर ने सबसे अधिक खर्च करने वाली शीर्ष पांच पार्टियों की भी सूची जारी की है। एडीआर के मुताबिक इस सूची में सबसे पहला स्थान तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) का है। एडीआर का कहना है कि टीएमसी ने वित्त वर्ष 2022-23 के दौरान सबसे अधिक 181.18 करोड़ रुपये खर्च किए। इसके बाद युवजन श्रमिक रायथू कांग्रेस पार्टी (वाईएसआरसीपी )79.32 करोड़, बीआरएस ने 57.47 करोड़, द्रविड़ मुनेत्र कड़गम (डीएमके) ने 52.62 करोड़ और समाजवादी पार्टी (एसपी) ने 31.41 करोड़ रुपये खर्च किए। 

बीआरएस के बाद खर्च के मामले में दूसरे नंबर पर टीएमसी
एडीआर की रिपोर्ट में वित्त वर्ष 2022-23 देश की 57 में से 39 क्षेत्रीय पार्टियों की कमाई और खर्च का ब्योरा जारी किया गया है। एडीआर की रिपोर्ट के अनुसार बीआरएस के बाद कमाई के मामले में 333.45 करोड़ रुपये के साथ टीएमसी का स्थान रहा। इसके बाद डीएमके की कमाई 214.35 करोड़ रुपये रही। कमाई की बात करें तो शीर्ष पांच पार्टियों ने कुल मिलाकर 1,541.32 करोड़ रुपये कमाए। एडीआर की रिपोर्ट के अनुसार 39 क्षेत्रीय दलों की कुल घोषित आय 1,740.48 करोड़ रुपये है।

एडीआर रिपोर्ट की खास बातें
एडीआर की रिपोर्ट के अनुसार, खर्च नहीं की जाने वाली आय के मामले में बीआरएस सबसे आगे रही। बीआरएस की खर्च न की जाने वाली आय 680.20 करोड़ रुपये रही। इसके बाद बीजू जनता दल (बीजेडी) की 171.06 करोड़ रुपये और डीएमकी की 161.72 करोड़ रुपये की आय खर्च नहीं की जा सकी। इसके ठीक उलट, 20 पार्टियों ने अपनी आय से अधिक व्यय की भी सूचना दी है। इस सूची में जनता दल- सेक्युलर (जेडी-एस) ने अपनी आय से 490.43 प्रतिशत अधिक खर्च किया।


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