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Source
Zee News
Author
Zee Bihar-Jharkhand Web Team
Date

Bihar Chunav 2025 ADR Report: एडीआर (एसोसिएशन फॉर डेमोक्रेटिक रिफॉर्म्स) और बिहार इलेक्शन वॉच ने बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के पहले और दूसरे चरण में चुनाव लड़ रहे उम्मीदवारों के शपथपत्रों का विश्लेषण किया है. रिपोर्ट के अनुसार, कुल 2616 उम्मीदवारों के हलफनामों का अध्ययन किया गया. इनमें 431 उम्मीदवार राष्ट्रीय दलों से, 351 क्षेत्रीय दलों से, 908 गैर-मान्यता प्राप्त दलों से और 926 निर्दलीय उम्मीदवार चुनाव मैदान में हैं.

रिपोर्ट के अनुसार, 697 उम्मीदवार (27%) ने अपने ऊपर गंभीर आपराधिक मामले घोषित किए हैं. तुलना करें तो, 2020 के बिहार विधानसभा चुनाव में यह आंकड़ा 25% (915 उम्मीदवार) था. इस बार गंभीर मामलों की संख्या बढ़ी है, जो चिंता का विषय है.

दलवार विश्लेषण के अनुसार-

जनसुराज पार्टी: 231 में से 100 उम्मीदवार (43%)
बीएसपी: 180 में से 28 उम्मीदवार (16%)
आरजेडी: 140 में से 69 उम्मीदवार (49%)
बीजेपी: 101 में से 49 उम्मीदवार (49%)
जदयू: 101 में से 26 उम्मीदवार (26%)
आप: 83 में से 21 उम्मीदवार (25%)
आईएनसी: 60 में से 32 उम्मीदवार (53%)
लोजपा (रामविलास): 28 में से 14 उम्मीदवार (50%)
सीपीआई (एमएल): 20 में से 13 उम्मीदवार (65%)
सीपीआई: 9 में से 6 उम्मीदवार (67%)
सीपीएम: 4 में से सभी 4 उम्मीदवार (100%) ने अपने ऊपर गंभीर धाराओं के तहत मामले घोषित किए हैं

रिपोर्ट बताती है कि 94 उम्मीदवारों ने महिलाओं पर अत्याचार से जुड़े मामलों का जिक्र किया है. इनमें से 5 उम्मीदवारों ने अपने ऊपर बलात्कार के आरोप, 52 ने हत्या के मामले, और 165 उम्मीदवारों ने हत्या के प्रयास के मामले दर्ज होने की जानकारी दी है.

एडीआर रिपोर्ट में यह भी सामने आया है कि इस बार करोड़पति उम्मीदवारों की संख्या में बड़ा उछाल आया है. कुल 1081 उम्मीदवार (42%) करोड़पति हैं, जबकि 2020 में यह संख्या 33% थी. इससे साफ है कि राजनीति में अब आर्थिक रूप से मजबूत उम्मीदवारों का दबदबा लगातार बढ़ रहा है.

शैक्षिक योग्यता के अनुसार, 1047 उम्मीदवार (40%) की शिक्षा 5वीं से 12वीं तक है, जबकि 1278 उम्मीदवार (49%) स्नातक या उससे अधिक शिक्षित हैं. इसके अलावा, 34 उम्मीदवार डिप्लोमा धारक, 222 केवल साक्षर और 17 उम्मीदवार असाक्षर हैं. वहीं 2 उम्मीदवारों ने अपनी शिक्षा संबंधी जानकारी नहीं दी है.

आयु वर्ग के अनुसार, 908 उम्मीदवार (35%) की उम्र 25 से 40 वर्ष के बीच है, 1349 (52%) उम्मीदवार 41 से 60 वर्ष के बीच, और 339 (13%) उम्मीदवार 61 से 80 वर्ष की आयु वर्ग में हैं. इसके अलावा, 4 उम्मीदवार 80 वर्ष से अधिक उम्र के हैं. वहीं 254 महिला उम्मीदवार (10%) चुनावी मैदान में अपनी किस्मत आजमा रही हैं.

एडीआर की रिपोर्ट ने एक बार फिर बिहार की राजनीति में अपराध और धनबल के बढ़ते प्रभाव को उजागर किया है. एक तरफ उम्मीदवारों पर गंभीर मामले हैं, वहीं दूसरी ओर करोड़पति प्रत्याशियों की संख्या लगातार बढ़ रही है. रिपोर्ट इस बात का संकेत देती है कि बिहार की राजनीति में अब अपराध और पूंजी, दोनों का गहरा मेल दिख रहा है.


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